विधानसभा निर्वाचन के दृष्टिगत प्रभावशील हुई आदर्श आचार सहिंता का कड़ाई से होगा का पालन - जिला निर्वाचन अधिकारी, प्रेसवार्ता में दी गई विधानसभा निर्वाचन 2018 की जानकारी



कटनी (6 अक्टूबर)- विधानसभा चुनाव की घोषणा के पश्चात प्रभावशील आदर्श आचार सहिंता का पालन सुनिश्चित करने के संबंध में आयोजित प्रेस वार्ता में जिला निर्वाचन अधिकारी केवीएस चौधरी द्वारा विस्तार से जानकारी दी गई। जिला निर्वाचन अधिकारी द्वारा चुनाव प्रचार के दौरान उम्मीदवारों, राजनैतिक पार्टियों, मीडियाजनों एवं अन्य व्यक्तियों द्वारा उपयोग में लाए जा रहे विविध साधनों, माध्यमों तथा खर्च आदि के लिए निर्धारित सीमाओं, अनुमतियों एवं व्यय आदि के लिए आदर्श आचार सहिंता एवं अन्य अधिनियमों में वर्णित प्रावधानों तथा उनके उल्लंघन पर की जाने वाली कार्रवाई के संबंध में विस्तार से अवगत कराया गया। इस दौरान पुलिस अधीक्षक मिथलेश शुक्ला एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी आर0 उमा माहेश्वरी भी उपस्थित थीं।
            जिला निर्वाचन अधिकारी श्री चौधरी ने मीडियाजनों, राजनैतिक दलों तथा चुनाव प्रचार से जुड़ी संस्थाओं से आदर्श आचार सहिंता का पालन सुनिश्चित करने की अपील की। आपने सीविजिल एप्प, सुविधा पोर्टल की जानकारी दी। जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदान प्रतिशत बढ़ाने एवं दिव्यांगजनों को मतदान करने में आवश्यक सुविधा उपलब्ध कराकर भारत निर्वाचन आयोग की मंशानुसार निर्वाचन को सुगम्य बनाने की बात कही।
निर्वाचन कार्यक्रम
            जिला निर्वाचन अधिकारी केवीएस चौधरी ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी घोषणा के अनुसार मध्यप्रदेश के समस्त 230 विधानसभा क्षेत्रों में एक चरण में चुनाव होगा। जारी घोषणानुसार मध्यप्रदेश में विधानसभा निर्वाचन 2018 के लिए 02 नवम्बर 2018 को अधिसूचना जारी की जायेगी। 09 नवम्बर 2018 को नाम निर्देशन की अंतिम तिथि निर्धारित की गई है। नाम निर्देशन की संवीक्षा 12 नवम्बर 2018 तक की जाएगी तथा नाम निर्देशन पत्र वापस लिए जाने की अंतिम तिथि 14 नवम्बर 2018 निर्धारित की गई है। मतदान 28 नवम्बर 2018 को होगा तथा मतगणना की तिथि 11 दिसम्बर 2018 निर्धारित की गई है। संपूर्ण निर्वाचन प्रक्रिया 13 दिसम्बर के पहलें की जायेगी।
शंाति पूर्ण एवं सुव्यवस्थित निर्वाचन संपन्न कराने किये जायेंगे आवश्यक प्रबंध
            बैठक में श्री चौधरी ने बताया कि निर्वाचन की घोषणा के उपरांत ही सेक्टर अधिकारियों के साथ क्रिटिकल एवं वल्नरेबल मतदान केन्द्रों का पुनः भ्रमण कर आवश्यक व्यवस्थायें सुनिश्चिित की जायेगी। कोलाहल नियंत्रण अधिनियम के प्रावधानों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग वर्जित रहेगा तथा सुबह 6 बजे तक रात्रि 10 बजे तक उपयोग के लिए संबंधित एसडीएम एवं रिटर्निंग आफीसर से अनुमति लेनी होगी। उन्होंने कहा कि बिना अनुमति उपयोग किए जा रहे ध्वनि विस्तारक यंत्रों को जब्त किया जाएगा।
निर्वाचन संबंधी जानकारियां
            जिला निर्वाचन अधिकारी केवीएस चौधरी ने बताया कि 27 सितम्बर को हुये निर्वाचक नामावली के प्रकाशन के बाद कटनी जिले में चार विधानसभा क्षेत्रों में कुल 8 लाख 89 हजार 963 मतदाता हैं। इनमें 4 लाख 58 हजार 548 पुरुष मतदाता, 4 लाख 31 हजार 387 महिला मतदाता हैं। जबकि थर्डजेण्डर के मतदाता कुल 28 है। मतदाता सूची के पुनरीक्षण के दौरान जिले के जेण्डर रेशियों में भी व्यापक सुधार परिलक्षित हुआ है। अब यह 940.7 प्रतिशत हो गया है।
आदर्श आचार सहिंता का पालन
            भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्वाचन की घोषणा के तत्काल पश्चात आदर्श आचार सहिंता प्रभावशील हो गई है। श्री चौधरी ने कहा कि आदर्श आचार सहिंता का पालन सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि धार्मिक स्थलों से चुनाव प्रचार संबंधी गतिविधिया वर्जित रहेगीं। शासकीय एवं अशासकीय शालाओं के परिसर में चुनाव सभाएं नहीं होगीं। आदर्श आचरण सहिंता के उल्लघंन की शिकायत के संबंध में जिला निर्वाचन अधिकारी अथवा उप जिला निर्वाचन अधिकारी और निर्वाचन क्षेत्र में अनुविभागीय दण्डाधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) में गठित शिकायत प्रकोष्ठ में शिकायत की जा सकेगी।
संपत्ति विरूपण की रोकथाम
            जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि संपत्ति विरूपण अधिनियम 1994 के आदेशों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा। इस अधिनियम के तहत संपत्ति की स्वामी की लिखित अनुमति के बिना सार्वजनिक दृष्टि से आने वाली किसी सम्पत्ति को स्याही, खडिया, रंग या किसी अन्य पदार्थ से लिखकर या चिन्हित कर उसके स्वरूप को नष्ट करने पर जुर्माने से दण्डनीय होगा। यदि किसी राजनैतिक दलों या अन्य व्यक्तियों द्वारा शासकीय एवं अशासकीय भवनों पर बैनर लगाए जाते हैं तथा विद्युत टेलीफोन के पोल पर झण्डे लगाए जाते हैं तो उनके विरूद्ध कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन के लिए अनुमति
            राजनैतिक दलों अथवा संस्थाओं द्वारा टीवी चैनल एवं केबल नेटवर्क पर चुनाव प्रचार संबंधी विज्ञापनों के प्रसारण के लिए जिला एमसीएमसी समिति से सर्टिफिकेट प्राप्त करना अनिवार्य होगा। विज्ञापन के लिए आयोग द्वारा निर्धारित प्रारूप में आवेदन के साथ विज्ञापन का कंटेन्ट आदि भी प्रस्तुत करना होगा।
            प्रेस वार्ता में जिलें के मीडिया (प्रिंट एवं इलेक्ट्रानिक) संस्थानों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

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